शीशा भी कहाँ सही बताता है ! gam bhari gazal ,Best hindi and urdu gajal ,By- khudkikalam

 Behatarin darad bhari gazal in hindi / urdu , by khud ki kalam 


शीशा भी कहाँ सही बताता है !
एक दिखाकर चेहरा एक छुपाना चाहता है !!
 
बिठाऊ में जिसे भी बगल में अपनी !
कमबख्त मुझे वही गिराना चाहता है !!
 
कब तक उसे  में अपना समझता रहूंगा !
सुना है वो हक कहीं और जताना चाहता है !!
 
कहां यकीन ,और किस पर विश्वास करूं !
यहाँ हर कोई सच को छुपाना चाहता है !!
 
गिरकर उठना फिर चल देना यही मंजिल का मार्ग है !
कौन है यहां जो सफलता का मंत्र सीखाना चाहता है !!
 
किसका लिखा है, क्या कुछ पढ़कर पहचान पाओगे !
यहां हर-कोई खुद  की कलम चलाना चाहता है !!


@ 𝐤𝐡𝐮𝐝𝐤𝐢𝐤𝐚𝐥𝐚𝐦_



Doston aapko pasand aai hogi hmare dvara likhi gai ye gazal asi hi behatin hindi and urdu zajal padhane ke liye ham se jude rahein 


Hindi kavita, shayari image , 

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